राजस्थान के उपमुख्यमंत्री बैरवा को जान से मारने की धमकी, पुलिस ने शुरू की जांच

जयपुर: राजस्थान के उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा को जान से मारने की धमकी मिली है। यह धमकी उन्हें जयपुर सेंट्रल जेल से दी गई है। इस मामले पर नेता प्रतिपक्ष टीका राम जूली ने प्रदेश की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। विधानसभा में बोलते हुए जूली ने इस धमकी को बेहद चिंताजनक बताया।
सोशल मीडिया पर जूली... विधानसभा में बोलते हुए जूली ने इस धमकी को बेहद चिंताजनक बताया। सोशल मीडिया पर उन्होंने लिखा, "यह बेहद चिंताजनक है कि हमारे उपमुख्यमंत्री श्री प्रेमचंद बैरवा को जयपुर सेंट्रल जेल से जान से मारने की धमकी मिली है। मुख्यमंत्री भजनलाल के बाद अब उपमुख्यमंत्री को भी जेल के अंदर से धमकियां मिल रही हैं - यह प्रदेश की कानून व्यवस्था की असली तस्वीर है। अगर वरिष्ठ जनप्रतिनिधि ही सुरक्षित नहीं हैं तो आम लोगों के लिए क्या उम्मीद है?"
जूली ने आगे कहा, "मुख्यमंत्री जी, यह बेहद गंभीर मामला है। प्रदेश में अपराधी बेखौफ हो गए हैं। इस मामले को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए और इसकी गहन जांच होनी चाहिए। आखिर अपराधी जेलों के अंदर मोबाइल फोन कैसे पहुंचा रहे हैं?" रिपोर्ट में कहा गया है कि जयपुर पुलिस कंट्रोल रूम को एक धमकी भरा कॉल आया, जिसकी ट्रेसिंग जयपुर सेंट्रल जेल से की गई।
पुलिस जांच कर रही है कि जेल के अंदर से कॉल किसने की। इस घटना ने एक बार फिर जेलों में मोबाइल फोन के इस्तेमाल को लेकर चिंताओं को दोहराया है। जयपुर पुलिस कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसेफ ने मामले की जानकारी दी, वहीं राजस्थान पुलिस ने विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
इससे पहले 23 फरवरी को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को सेंट्रल जेल से जान से मारने की धमकी मिली थी। इस कॉल को लेकर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए जेलर और दो कैदियों के खिलाफ कार्रवाई की थी। साथ ही तीन लोगों को गिरफ्तार भी किया था। धमकी भरे कॉल की लोकेशन श्यालावास स्थित विशिष्ट जेल में मिली थी। जिसके बाद सर्च ऑपरेशन चलाकर कॉल करने वाले को पकड़ लिया गया।