बाड़मेर में पारा 47 डिग्री पार, मौसम विभाग ने जारी किया रेड अलर्ट
रेगिस्तानी इलाकों में दिन और रात झुलसा रही है गर्मी
राजस्थान में भीषण गर्मी और हीटवेव का प्रकोप अब जानलेवा होता जा रहा है। मौसम विभाग ने मंगलवार को बाड़मेर, बालोतरा, जैसलमेर, फलोदी और चित्तौड़गढ़ समेत कई जिलों में दिन के साथ-साथ 'ऊष्णरात्रि' (बेहद गर्म रात) का अलर्ट जारी किया है। पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर और बीकानेर संभाग में अगले 4-5 दिनों तक स्थिति बेहद गंभीर बनी रहने की आशंका है। यहां रात का तापमान भी 30 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जिसके कारण लोगों को चौबीसों घंटे गर्मी से राहत नहीं मिल पा रही है। सोमवार को बाड़मेर 47.3 डिग्री सेल्सियस के साथ प्रदेश का सबसे गर्म स्थान रहा।
पाकिस्तान से आने वाली गर्म हवाओं ने बढ़ाया संकट
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, राजस्थान में तापमान के इस विकराल स्तर तक पहुँचने का मुख्य कारण सीमा पार पाकिस्तान से आने वाली गर्म और शुष्क हवाएं हैं। थार के रेगिस्तान में बिना किसी रुकावट के प्रवेश कर रही ये हवाएं पूरे क्षेत्र को भट्टी की तरह दहका रही हैं। जैसलमेर और फलोदी जैसे शहरों में पारा 46.5 से 46.8 डिग्री के बीच बना हुआ है। राजधानी जयपुर में भी पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव खत्म होने के बाद गर्मी ने रफ्तार पकड़ ली है, जहाँ सुबह के वक्त ही तापमान 36 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया और दिन में इसके 42 डिग्री तक जाने का अनुमान है।
आंधी और बूंदाबांदी से कुछ क्षेत्रों में मिल सकती है राहत
जयपुर। भीषण गर्मी के बीच राहत की खबर यह है कि प्रदेश के कुछ हिस्सों में मौसम का मिजाज बदल सकता है। आगामी 48 घंटों के दौरान जयपुर, भरतपुर, बीकानेर और शेखावाटी संभाग के उत्तरी इलाकों में तेज धूल भरी आंधी चलने और हल्की बूंदाबांदी होने की संभावना है। विभाग ने अलवर, धौलपुर, करौली और झुंझुनूं जैसे जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान जताया है। हालांकि, दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के जिलों में तापमान अभी भी 43 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की उम्मीद है, जिससे लू का असर बना रहेगा।
